NCERT Class 8 Social Science Civics Chapter 3 संसद तथा कानूनों का निर्माण Solutions
NCERT Class 8 Social Science Civics Chapter 3 संसद तथा कानूनों का निर्माण Solutions
1. राष्ट्रवादी आंदोलन ने इस विचार का समर्थन किया कि सभी वयस्कों को मत देने का अधिकार होना चाहिए?
उत्तर: औपनिवेशिक शासन के अनुभव और राष्ट्रवादी आन्दोलन में कई तरह के लोगों की हिस्सेदारी के आधार पर राष्ट्रवादियों को विश्वास हो गया था कि स्वतंत्र भारत में सभी लोग अपने जीवन को प्रभावित करने वाले फैसलों में हिस्सा लेने की क्षमता रखते हैं। इस आधार पर राष्ट्रवादी आन्दोलन ने इस विचार का समर्थन किया कि सभी वयस्कों को मत देने का अधिकार होना चाहिए।
2. बगल में 2004 के संसदीय चुनाव क्षेत्रों का नक्शा दिया गया है। इस नक्शे में अपने राज्य के चुनाव क्षेत्रों को पहचानने का प्रयास करें। आपके चुनाव क्षेत्र के सांसद का क्या नाम है? आपके राज्य से संसद में कितने सांसद जाते हैं? कुछ निर्वाचन क्षेत्रों को हरे और कुछ को नीले रंग में क्यों दिखाया गया है?
उत्तर: विद्यार्थी स्वयं करें।
3. अध्याय 1 में आपने पढ़ा था कि भारत में प्रचलित ‘संसदीय शासन व्यवस्था’ में तीन स्तर होते हैं। इनमें से एक स्तर संसद (केंद्र सरकार) तथा दूसरा स्तर विभिन्न राज्य विधायिकाओं (राज्य सरकारों) का होता है। अपने क्षेत्र के विभिन्न प्रतिनिधियों से संबंधित सूचनाओं के आधार पर निम्नलिखित तालिका को भरें-
| राज्य सरकार | केंद्र सरकार | |
| कौन सा/से राजनीतिक दल अभी सत्ता में है/हैं? | ||
| आपके क्षेत्र से निर्वाचित प्रतिनिधि कौन है? | ||
| अभी कौन सा राजनीतिक दल विपक्ष में है? | ||
| पिछले चुनाव कब हुए थे? | ||
| अगले चुनाव कब होंगे? | ||
| आपके राज्य से कितनी महिला प्रतिनिधि हैं? |
उत्तर:
| राज्य सरकार | केंद्र सरकार | |
| कौन सा/से राजनीतिक दल अभी सत्ता में है/हैं? | B.J.P | B.J.P |
| आपके क्षेत्र से निर्वाचित प्रतिनिधि कौन है? | ||
| अभी कौन सा राजनीतिक दल विपक्ष में है? | कांग्रेस | कांग्रेस |
| पिछले चुनाव कब हुए थे? | 2024 | 2024 |
| अगले चुनाव कब होंगे? | 2028 | 2028 |
| आपके राज्य से कितनी महिला प्रतिनिधि हैं? |
4. घरेलू हिंसा पर नया कानून किस तरह बना, महिला संगठनों ने इस प्रक्रिया में अलग अलग तरीके से क्या भूमिका निभाई, उसे अपने शब्दों में लिखिए।
उत्तर: घरेलू हिंसा से महिलाओं की सुरक्षा के लिए सरकार ने घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम, 2005 बनाया। यह कानून महिलाओं को शारीरिक, मानसिक, आर्थिक और भावनात्मक हिंसा से सुरक्षा प्रदान करता है।
इस कानून को बनाने में महिला संगठनों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने घरेलू हिंसा से पीड़ित महिलाओं की समस्याओं को सामने रखा, जन-जागरूकता अभियान चलाए, हस्ताक्षर अभियान आयोजित किए, सरकार को सुझाव दिए और कानून बनाने की माँग की। उन्होंने पीड़ित महिलाओं को कानूनी सहायता और परामर्श भी उपलब्ध कराया।
इन संगठनों के निरंतर प्रयासों के कारण सरकार ने घरेलू हिंसा की गंभीरता को समझा और महिलाओं की सुरक्षा के लिए यह कानून लागू किया। यह कानून महिलाओं के अधिकारों की रक्षा करने और उन्हें सम्मानपूर्वक जीवन जीने का अधिकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।